हिन्दु युवकों आज का युगधर्म Geet Lyrics – Hindu Song Mp3 Download

Hindu Yuvko Aaj Ka Yugdharma – Sangh Geet (Kavya Geet Laya)

 

हिन्दु युवकों आज का युगधर्म
हिन्दु युवकों आज का युगधर्म शक्ति उपासना है ।।ध्रु.।।

बस बहुत अब हो चुकी है शांति की चर्चा यहाँ पर,
हो चुकी अति ही अहिंसा-तत्व की अर्चा यहाँ पर,
ये मधुर सिद्धांत रक्षा देश की पर कर ना पाये,
ऐतिहासिक सत्य है, यह सत्य अब पहिचानना है ।।1।। हिन्दु युवकों…

हम चले थे विश्व भर को, शांति का सन्देश देने,
किन्तु जिसको बन्धु समझा, आ गया वह प्राण लेने,
शक्ति की हमने उपेक्षा, की उसी का दण्ड पाया,
यह प्रकृति का ही नियम है अब हमें यह जानना है ।।2।। हिन्दु युवकों…

जग नहीं सुनता कभी दुर्बल जनों का शांति प्रवचन,
सिर झुकाता है उसे जो, कर सके रिपु मान मर्दन,
हृदय में हो प्रेम लेकिन, शक्ति भी कर में प्रबल हो,
यह सफलता मन्त्र है करना इसी की साधना है ।।3।। हिन्दु युवकों…

यह न भूलो इस जगत में सब नहीं है संत मानव,
व्यक्ति भी है राष्ट्र भी है जो प्रकृति के घोर दानव,
दुष्ट-दानव दमनकारी शक्ति का संचय करें हम,
आज पीड़ित मातृ-भूमि की बस यही आराधना है ।।4।। हिन्दु युवकों…

 

 

हिन्दू साम्राज्य दिवस पर इस गीत को काव्य गीत के रूप में उपयोग किया जा सकता है। यह गीत ज्ञान गंगा प्रकाशन द्वारा प्रकाशित संघ गीत पुस्तिका के 18वें संस्करण के 53 क्रमांक पर पृष्ठ संख्या 62 पर अंकित है। गीत की लय के लिए गीतगंगा की वेब साइट पर भी विजिट कर सकते है।

 

 

Author: Ganesh Kumar

नमस्कार, मेरा नाम गणेश कुमार हैं। संघ परिवार को निकट से देखने के पश्चात् इसके बारे में लिखने के लिए प्रयास कर रहा हूँ। मेरे लेखन में कुछ त्रुटियां संभव हैं। उन्हें सुधारने हेतु आपके सुझाव बहुत उपयोगी होंगे। संम्पर्क करें - [email protected]